नई दिल्लीः शबाना आजमी भारतीय सिनेमा की जानी- मानी अभिनेत्री हैं और वे अपनी बेबाकी के लिए भी जानी जाती हैं. सिनेमा के कई दिग्गजों की तरह वे भी मानती हैं कि हिंदी सिनेमा परिवर्तन के दौर से गुजर रहा है. हालांकि वो इस बात से सहमत हैं कि OTT प्लेटफॉर्म ने फिल्म निर्माताओं की मदद की है, लेकिन वो डिजिटल प्लेटफॉर्म के आने के नकारात्मक पहलू को भी पहचानती हैं. वो अक्सर अपने पति स्क्रिप्ट लेखक जावेद अख्तर के साथ आज की फिल्मों में कंटेंट की कमी पर चर्चा करती हैं.
हाल ही में इंडिया टुडे डिजिटल के साथ एक स्पेशल बातचीत में, शबाना ने कहा कि वो और जावेद हिंदी सिनेमा में कहानी कहने के बदलते तरीकों को स्वीकार करते हैं, लेकिन वे दोनों अच्छी कहानियों की कमी को भी स्वीकार करते हैं. शबाना ने बातचीत में बताया, ‘हम निश्चित रूप से परिवर्तन के दौर से गुजर रहे हैं. हम अभी भी OTT प्लेटफॉर्म के आगमन का पता लगा रहे हैं.’ बता दें कि इससे पहले उन्होंने कहा, ‘एक स्तर पर, OTT ने हमारी मदद की है, लेकिन दूसरी ओर, हमने राजस्व में गिरावट देखी है क्योंकि लोगों को लगता है कि अगर कोई फिल्म कुछ हफ्तों में OTT पर आ जाएगी, तो वे उसे वहीं देखेंगे.’
इसी बीच 74 साल की शबाना ने पूछा, ‘जावेद ने मुझसे कहा, ‘अगर आप कहानी कहने के तरीके को बदलना चाहते हैं तो यह ठीक है, लेकिन इसके लिए आपके पास कहानी होनी चाहिए.’ यह आपके घर की आंतरिक सजावट शुरू करने जैसा है, बिना यह सुनिश्चित किए कि खंभे सही जगह पर हैं. अगर संरचना ही सही नहीं है तो आप सजावट का क्या करेंगे?’
हालांकि, हाल ही में जामिनी चटर्जी (रॉकी और रानी की प्रेम कहानी) और शीला (डब्बा कार्टेल) जैसी प्रभावशाली भूमिकाएं निभाने वाली शबाना ने माना कि सीनियर और शादीशुदा अभिनेत्रियों को पहले की तुलना में बेहतर भूमिकाएं दी जा रही हैं. उन्होंने कहा कि ‘आज अभिनेत्रियों को पहले की तुलना में कहीं ज्यादा रोल मिल रहे हैं. उन्होंने जोर देकर कहा, ‘पहले, खासकर महिलाओं के लिए, उनकी शेल्फ लाइफ बहुत कम होती थी. एक अभिनेत्री के लिए शादी और बच्चे होने के बाद अभिनय के बारे में सोचना एक बार कल्पना से भी दूर था. लेकिन आलिया भट्ट और अन्य लोगों ने उस ढांचे को तोड़ दिया है. चीजें निश्चित रूप से बदल रही हैं, और वरिष्ठ अभिनेताओं के लिए भूमिकाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं, जो उनके अनुभव को देखते हुए बहुत अच्छी बात है.’
इसी बीच शबाना आजमी से पूछा गया कि अगर कभी उनके बारे में कोई फिल्म बनाई जाती है, तो वो अपने जीवन के किस चरण को सिल्वर स्क्रीन पर दिखाना चाहेंगी. शबाना ने तुरंत जवाब दिया, ‘सभी को.’ उन्होंने कहा, ‘हर चीज से व्यक्ति आगे बढ़ता है-गलतियां, अनुभव… मैं कभी भी गलतियां करने से नहीं डरती, और इसी वजह से मुझे नए क्षेत्रों में कदम रखने का मौका मिला.’ ये सभी बातें शबाना आजमी गुरुग्राम में अंतरा एजीज स्टोर के लॉन्च के मौके पर बोल रही थीं. बात अगर वर्क्रफ्रंट को लेकर करें तो वे आखिरी बार नेटफ्लिक्स सीरीज ‘डब्बा कार्टेल’ में देखी गई थीं.